आईजी गढ़वाल ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा, अब तक 76 लाख से अधिक यात्री पहुंचे
गोपाल राम मिश्रा
देहरादून। पवित्र कांवड़ मेला-2026 में शिव भक्तों की सुविधा और मार्गदर्शन के लिए पुलिस ने क्यूआर कोड जारी किए हैं। पुलिस महानिरीक्षक (आईजी), गढ़वाल परिक्षेत्र ने मेला की सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और श्रद्धालु सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा करते हुए सभी पुलिस बलों को चाक-चौबंद व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
कांवड़ मेला 30 जुलाई से शुरू होकर 11 अगस्त तक चलेगा। 8 से 11 अगस्त तक डाक कांवड़ और 11 अगस्त को श्रावण शिवरात्रि व मुख्य जलाभिषेक को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
अब तक हरिद्वार से 76 लाख 85 हजार से अधिक और नीलकंठ से 5 लाख 72 हजार 910 से अधिक कांवड़ यात्री पहुंच चुके हैं। इनमें करीब 70 हजार वाहन भी शामिल हैं।
सुरक्षा व सुविधा की मुख्य व्यवस्थाएं:
• पूरे मेला क्षेत्र को 22 सुपर जोन, 67 जोन और 200 सेक्टरों में बांटा गया है।
• नागरिक पुलिस के साथ अर्द्धसैनिक बल, एटीएस, बीडीएस, एसडीआरएफ और जल पुलिस की टीमें संवेदनशील स्थानों पर तैनात हैं।
• हरिद्वार में ट्रैफिक मॉनिटरिंग के लिए 10 जोन में ड्रोन लगाए गए हैं। नीलकंठ व ऋषिकेश में अतिरिक्त 4 ड्रोन तैनात हैं।
• चारधाम कंट्रोल रूम (पटेल भवन) से 529 से अधिक सीसीटीवी कैमरों से 24 घंटे निगरानी हो रही है।
• सोशल मीडिया पर अफवाहों और फर्जी वीडियो रोकने के लिए साइबर कमांडो तैनात किए गए हैं।
• एसडीआरएफ और जल पुलिस ने अब तक 18 कांवड़ यात्रियों को डूबने से बचाया है।
• खोया-पाया सेल ने 20 गुमशुदा लोगों को परिजनों से मिलाया है।
• सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पैदल कांवड़ की ऊंचाई अधिकतम 6 फीट और झांकी की ऊंचाई 10 फीट तय की गई है।




