देहरादून: शहरी विकास, पर्यावरण एवं जल प्रबंधन मंत्री राम सिंह खेड़ा ने स्पष्ट किया कि नगर निगम देहरादून पर यूपीसीएल के लगभग 9 करोड़ रुपये के बकाया की वसूली दून के नागरिकों से नहीं होगी। उन्होंने कहा कि शासन स्तर पर ऐसा कोई प्रस्ताव लंबित नहीं है। मंत्री ने इस संबंध में प्रमुख ऊर्जा सचिव मीनाक्षी सुंदरम से तत्काल वार्ता की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
हरेला पर्व पर पर्यावरण संरक्षण का संदेश
हरेला पर्व के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण को लेकर मंत्री खेड़ा ने वरिष्ठ नागरिकों से वृक्षारोपण के साथ-साथ उनके संरक्षण की अपील की। उन्होंने कहा कि विकास के साथ पर्यावरण का संतुलन बनाए रखना जरूरी है।
इस अवसर पर मैती के पद्मश्री कल्याण सिंह रावत ने वृक्षों को होपला बीमारी से बचाने और वनों में फलदार वृक्ष लगाने का सुझाव दिया। स्पेक्स संस्था के डॉ. ब्रजमोहन शर्मा ने जल प्रबंधन के लिए व्यापक अभियान चलाने और पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।
नागरिक संगठनों की मांगें
संयुक्त नागरिक संगठन के शिष्टमंडल ने मंत्री के समक्ष विभिन्न जनहित मुद्दे उठाए।
• दून सिटीजन कौंसिल के जगमोहन मेहंदीरता ने भूकंप प्रभावित क्षेत्र में स्थित राजपुर रोड पर हाईराइज इमारतों के निर्माण पर तत्काल रोक लगाने की मांग की।
• समानता मंच के विनोद नौटियाल ने दून-ऋषिकेश मार्ग चौड़ीकरण के दौरान पेड़ों की कटाई पर रोक लगाने की अपील की।
• संगठन अध्यक्ष ब्रिगेडियर केजी बहल ने सड़क निर्माण में कटने वाले हर पेड़ के बदले शुरू से ही चार पेड़ लगाने पर जोर दिया।
• सुशील त्यागी ने बढ़ते अतिक्रमण, सड़क जाम और पार्किंग की कमी पर गंभीर चिंता व्यक्त की तथा संगठन की ओर से ज्ञापन सौंपा।
संवाद का संचालन उत्तराखंड बाल कल्याण परिषद के उपाध्यक्ष मोहन सिंह खत्री ने किया।
मास्टर प्लान 2041 में नागरिक सुझाव अनिवार्य
संवाद से पहले खुशबीर सिंह, लेफ्टिनेंट कर्नल बीएम थापा, उमेश सक्सेना, सत्य प्रकाश चौहान, अवधेश शर्मा, सरदार खुशबीर सिंह, राजीव खंसाली, एमएस रावत, गिरीशचंद्र भट्ट सहित कई सदस्यों ने मंत्री को गुलाब के फूल भेंट किए। उन्होंने एमडीडीए के मास्टर प्लान 2041 को लागू करने से पहले नागरिकों के सुझावों को अनिवार्य रूप से शामिल करने का अनुरोध किया।
संवाद के अंत में कैबिनेट मंत्री राम सिंह खेड़ा ने संयुक्त नागरिक संगठन के शिष्टमंडल का आभार व्यक्त किया और सकारात्मक सुझावों के साथ भविष्य में पुनः मिलने की अपेक्षा जताई।




